- आगामी सिंहस्थ महापर्व के लिए इंदौर पुलिस के सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को दिया जाएगा विशेष प्रशिक्षण
- भीड़ नियंत्रण, यातायात प्रबंधन, आपदा प्रबंधन, श्रद्धालुओं की सुरक्षा और संवाद एवं सेवा-आधारित पुलिसिंग पर रहेगा विशेष फोकस
इंदौर- आगामी वर्ष 2028 में उज्जैन में आयोजित होने वाले विश्व प्रसिद्ध सिंहस्थ महापर्व को दृष्टिगत रखते हुए पुलिस मुख्यालय भोपाल के निर्देशानुसार, इंदौर पुलिस कमिश्नरेट द्वारा व्यापक स्तर पर तैयारियां प्रारंभ कर दी गई हैं। जिसके परिप्रेक्ष्य में पुलिस कमिश्नर इंदौर श्री संतोष कुमार सिंह के दिशा निर्देशन में डीआरपी लाइन, इंदौर में विशेष सिंहस्थ प्रशिक्षण शिविर का संचालन किया जाकर, सभी पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों को प्रशिक्षित किया जाएगा।
इसी के अनुक्रम में प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ आज दिनांक 01.06.26 को अति पुलिस आयुक्त (अपराध एवं मुख्यालय) श्री आर के सिंह के मार्गदर्शन में अति पुलिस उपायुक्त (मुख्यालय) श्रीमती सीमा अलावा व रक्षित निरीक्षक श्री दीपक कुमार पाटील द्वारा किया गया।
सिंहस्थ विश्व के सबसे बड़े धार्मिक आयोजनों में से एक है, जिसमें करोड़ों श्रद्धालुओं का आगमन होता है। ऐसे विशाल आयोजन में सुरक्षा, कानून व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण, यातायात संचालन, आपदा प्रबंधन एवं जनसुविधाओं का प्रभावी संचालन सुनिश्चित करने के लिए पुलिस बल प्रशिक्षित और दक्ष होगा तो, पुलिसिंग और बेहतर होगी।
यह प्रशिक्षण कार्यक्रम 01 जून 2026 से दिसंबर 2026 तक संचालित किया जाएगा। प्रशिक्षण को चरणबद्ध तरीके से आयोजित करते हुए प्रत्येक बैच को 06 दिवसीय विशेष प्रशिक्षण मॉड्यूल के अनुसार प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। इस अभियान के अंतर्गत इंदौर पुलिस कमिश्नरेट के समस्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों को प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा, जिससे सिंहस्थ-2028 के दौरान प्रत्येक अधिकारी एवं कर्मचारी अपनी भूमिका का प्रभावी निर्वहन कर सके।
प्रशिक्षण मॉड्यूल में पुलिस कर्मियों को सिंहस्थ का इतिहास एवं महत्व, अखाड़ों एवं साधु-संत परंपराओं का परिचय, मेला क्षेत्र की संरचना, पुलिस की भूमिका, भीड़ मनोविज्ञान, भीड़ नियंत्रण एवं नियमन, यातायात योजना एवं दबाव प्रबंधन, पार्किंग एवं डायवर्जन व्यवस्था, आपदा प्रबंधन, अग्नि सुरक्षा, स्वास्थ्य एवं चिकित्सा सहायता समन्वय, संचार व्यवस्था, वीआईपी एवं विशिष्ट व्यक्तियों की सुरक्षा, महिला एवं बाल सुरक्षा, साइबर सुरक्षा, सोशल मीडिया प्रबंधन, कानून व्यवस्था संधारण, मानवाधिकार, तनाव प्रबंधन तथा संकट की परिस्थितियों में प्रभावी संवाद जैसे विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा।
सिंहस्थ के दौरान उत्पन्न होने वाले संभावित यातायात दबाव एवं परिवहन प्रबंधन को ध्यान में रखते हुए पुलिस कर्मियों को विशेष रूप से ट्रैफिक डायवर्जन, वैकल्पिक मार्ग योजना, पार्किंग प्रबंधन, आपातकालीन वाहनों के निर्बाध संचालन तथा विभिन्न विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर यातायात व्यवस्था सुचारु बनाए रखने संबंधी प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।
इसके अतिरिक्त प्रशिक्षण के दौरान पुलिस कर्मियों को श्रद्धालुओं के प्रति संवेदनशील एवं सेवा-भाव आधारित व्यवहार, संकट की स्थिति में त्वरित निर्णय क्षमता, तनाव प्रबंधन, जनसंपर्क कौशल तथा तकनीक आधारित आधुनिक पुलिसिंग के विभिन्न पहलुओं से भी अवगत कराया जाएगा।






