✓ वर्ष 2026 के तीन महीनों में क्राइम ब्रांच इंदौर पुलिस की फ्रॉड इन्वेस्टिगेशन टीमों ने ऑनलाइन फ्रॉड से पीड़ित आवेदकों को कुल ₹1,87,47,605/- की राशि सकुशल वापस कराई है। इस वर्ष मार्च माह में क्राइम ब्रांच को लगभग 2600 सायबर फ्रॉड की शिकायतें मिलीं, जिनमें से अनेक पर त्वरित और प्रभावी कार्यवाही की गई।
☑️क्राइम ब्रांच इंदौर ने हजारों फर्जी बैंक खातों को फ्रिज किया है, 180 से अधिक हैक किये गए सोशल मीडिया (Facebook, Instagram) अकाउंट को रिकवर कराया है, और 200 से अधिक फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट जिन्हें आवेदकों के नाम और फोटो से बनाया गया था, ब्लॉक भी कराए गए हैं।
🔹 रिफंड का मासिक विवरण 2026):
जनवरी = 36,46,049/-
फरवरी = 91,95,726/-
मार्च = 59,05,830/-
क्राइम ब्रांच इंदौर द्वारा प्राप्त सायबर फ्रॉड शिकायतों में सबसे अधिक जिन तरीकों की शिकायतें आई हैं, वे हैं:-
✓इन्वेस्टमेंट ऑनलाइन फ्रॉड (जैसे टास्क, ट्रेडिंग, गेमिंग आदि)।
✓बैंक अधिकारी बनकर KYC अपडेट, रिवॉर्ड प्वाइंट रिडीम, क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने के नाम पर धोखाधड़ी।
✓परिचित बनकर भावनात्मक रूप से आवेदकों से ऑनलाइन ठगी।
✓सायबर जागरूकता कार्यक्रमों के तहत लाखों लोगों को साइबर अपराध से बचाव के तरीके बताकर जागरूक भी किया गया है और ये निरंतर जारी हैं।
अपील
आमजन से आग्रह है कि ऑनलाइन से किसी भी तरह की धोखाधड़ी से बचने के लिए इंदौर पुलिस कमिश्नरेट के Safe Clicks-AI Agentic solutions (Chatbot) को जागरूकता के लिए जरूर देखे।
देखने के लिए इसकी वेबसाइट https://safeclicks.in पर जा सकते हैं।
या मोबाइल नंबर 7049108197 पर संपर्क करे।
यदि आपके साथ किसी भी प्रकार की धोखाधड़ी होती है,तुरंत क्राइम ब्रांच इंदौर पुलिस की सायबर हेल्पलाइन नंबर 704912-4445 या 1930/NCRP पोर्टल या www.Cybercrime.gov.in पर शिकायत करें।
इंदौर पुलिस कमिश्नरेट
“आपकी सुरक्षा – हमारा संकल्प





